तेरा मुस्कुराना और मुस्कुरा कर तेरा नीचे नजरें झुकाना
इस मन का तेरे नजरों में बार-बार डूब जाना...... 

तेरी झुकी हुई नजरों से बार-बार नजरें मिलाने को दिल करता है 
इस मासूम से सादगी के नूर को एक पल नजरों से दूर ना करने को मन करता है  


आपकी मासूमियत भी बेमिसाल है चुराके मन मेरा खुद ही पूछते हो क्या हाल है- 

विषय-प्रीत प्रेम